पटना(ए)। बिहार में बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए एकीकृत ओमनी-चैनल सीआरएम प्रणाली को मई में लॉन्च करने की तैयारी की जा रही है। विद्युत भवन में आयोजित एक समीक्षा बैठक के दौरान बिहार स्टेट पावर होल्डिंग कंपनी लिमिटेड (बीएसपीएचसीएल) के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक (सीएमडी) पंकज कुमार पाल ने अधिकारियों को इसे समय पर और बिना किसी त्रुटि के लागू करने के निर्देश दिए। बैठक में साउथ बिहार पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (एसबीपीडीसीएल) के एमडी महेंद्र कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
इस अत्याधुनिक प्रणाली के माध्यम से उपभोक्ता अपनी शिकायतें ईमेल, व्हाट्सऐप, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, 1912 हेल्पलाइन और ऑनलाइन पोर्टल जैसे किसी भी माध्यम से दर्ज करा सकेंगे। इससे सभी शिकायतों का केंद्रीकृत डेटा तैयार होगा और यह सुनिश्चित किया जाएगा कि उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान तेजी से और प्रभावी ढंग से किया जाए।

एकीकृत ओमनी-चैनल सीआरएम प्रणाली के तहत उपभोक्ताओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कई स्तरों पर कार्य किया जाएगा। मोबाइल ऐप और ऑनलाइन पोर्टल से प्राप्त डेटा के आधार पर यह पता लगाना आसान होगा कि शिकायतों के समाधान में देरी क्यों हो रही है और इसके लिए कौन जिम्मेदार है। साथ ही, यह पोर्टल उपभोक्ताओं और हितधारकों के बीच सूचनाओं के आदान-प्रदान के लिए उपयोग किया जाएगा।
इस नई प्रणाली का मुख्य उद्देश्य पारदर्शिता और प्रभावशीलता बढ़ाकर बिजली आपूर्ति को निर्बाध बनाना है। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) आधारित चैटबोट और वॉयस बॉट का भी इस्तेमाल किया जाएगा, जो हिंदी, अंग्रेजी के अलावा मैथिली, भोजपुरी, मगही और अंगिका जैसी क्षेत्रीय भाषाओं को भी सपोर्ट करेगा। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए इसमें स्पीच-टू-टेक्स्ट और टेक्स्ट-टू-स्पीच फीचर भी जोड़े जाएंगे। इस प्रणाली में इंटरएक्टिव वॉयस रिस्पांस सिस्टम (आईवीआरएस) का निर्माण भी किया जा रहा है, जिससे उपभोक्ता हिंदी, अंग्रेजी और क्षेत्रीय भाषाओं में बातचीत कर अपनी समस्याओं का समाधान पा सकेंगे।